नई दिल्ली, 30 मार्च (आईएएनएस) संसद को सोमवार को सूचित किया गया कि भारत के लगभग 99.92 प्रतिशत बसे हुए गांवों में अब पांच किलोमीटर के दायरे में एक बैंकिंग आउटलेट है।
वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने एक लिखित उत्तर में लोकसभा को बताया कि इसके अलावा, केंद्र शासित प्रदेश दादरा और नगर हवेली के 100 प्रतिशत गांव 5 किलोमीटर के दायरे में बैंकिंग आउटलेट से कवर हैं।
वित्त मंत्रालय के एक बयान के अनुसार, जन धन दर्शक ऐप, एक भौगोलिक सूचना प्रणाली (जीआईएस) निगरानी उपकरण है, जो लगभग पूरे देश को कवर करने वाले बैंकों, व्यापार संवाददाताओं और इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक आउटलेट को दिखाता है।
उन्होंने कहा, यह ऐप बैंकिंग बुनियादी ढांचे की भौगोलिक निगरानी को सक्षम बनाता है।
बैंकिंग बुनियादी ढांचे के विस्तार में प्रमुख बाधाएं कनेक्टिविटी और बुनियादी ढांचे की कमी के साथ-साथ उपयुक्त परिसर की अनुपलब्धता हैं।
आरबीआई के दिशानिर्देशों के अनुसार, खुले क्षेत्रों में बैंकिंग आउटलेट शुरू करना राज्य स्तरीय बैंकर्स समिति (एसएलबीसी) या केंद्र शासित प्रदेश स्तरीय बैंकर्स समिति (यूटीएलबीसी) द्वारा देखी जाने वाली एक सतत प्रक्रिया है।
मंत्री ने कहा कि यह प्रक्रिया संबंधित राज्य सरकार, सदस्य बैंकों और अन्य हितधारकों के परामर्श से की जा रही है।
बैंक, अन्य बातों के अलावा, आरबीआई के निर्देशों, अपनी व्यावसायिक योजनाओं और वाणिज्यिक व्यवहार्यता के आलोक में बैंकिंग आउटलेट खोलने के प्रस्तावों पर विचार करते हैं। बैंकिंग आउटलेट खोलने की व्यवहार्यता का और अधिक आकलन करने के लिए, बैंक आवश्यकतानुसार सर्वेक्षण करते हैं।
इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक (आईपीपीबी) डाक विभाग के तहत एक बैंक है, जिसका पूर्ण स्वामित्व केंद्र के पास है। यह बैंकिंग सेवाएं प्रदान करने के लिए 1.65 लाख डाकघरों और 3 लाख डाक कर्मचारियों वाले डाक नेटवर्क का लाभ उठाता है।
देश भर में डिजिटल भुगतान और वित्तीय समावेशन के विस्तार में इसके उत्कृष्ट योगदान के लिए इसे ‘डिजिटल भुगतान पुरस्कार 2024-25’ से सम्मानित किया गया है।
–आईएएनएस
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